चमोली। प्रसिद्ध नंदा देवी बड़ीजात यात्रा के महत्वपूर्ण पड़ाव पर मां नंदा राजराजेश्वरी की देव डोलियां कैलाश की ओर रवाना हुईं। बुधवार रात लाटू के धर्मभाई गांव पहुंची तीनों देव डोलियों का ग्रामीणों ने पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ भव्य स्वागत किया। गुरुवार सुबह डोलियों के आगे बढ़ते ही पूरा क्षेत्र ‘जय मां नंदा, जय मां राजराजेश्वरी’ के जयकारों से गूंज उठा। मां को कैलाश की ओर विदा करते समय श्रद्धालु भावुक हो गए।
धर्मभाई गांव में बधाण की नंदा, बांण की भगवती और दशोली की भगवती की देव डोलियों की अगवानी के लिए ग्रामीण पारंपरिक वेशभूषा में पहुंचे। इस दौरान चांचड़ी और झोड़ा की प्रस्तुतियों ने माहौल को भक्तिमय बना दिया। देर रात तक श्रद्धालुओं ने मां के दर्शन कर आशीर्वाद लिया।

लाटू की अगुवाई में बेदनीकुंड के लिए रवाना हुई डोली
गुरुवार सुबह धर्मभाई से लाटू की अगुवाई में नंदा राजराजेश्वरी की डोली बेदनीकुंड के लिए रवाना हुई। डोली के साथ बड़ी संख्या में श्रद्धालु और छंतौलियां भी यात्रा में शामिल हुईं। गुरुवार रात यात्रा का पड़ाव गैरोली पाताल रहेगा। सप्तमी के दिन बेदनीकुंड में श्रद्धालु स्नान और पूजा-अर्चना करने के साथ अपने पूर्वजों का श्राद्ध करेंगे।
इसके बाद बधाण की नंदा डोली अपने पारंपरिक पड़ाव की ओर लौटेगी, जबकि बड़ीजात यात्रा में शामिल बांण और दशोली की डोलियां छंतौलियों के साथ होमकुंड की ओर आगे बढ़ेंगी।
विदाई के दौरान नम हुईं श्रद्धालुओं की आंखें
कई दिनों से देव डोलियों के साथ चल रहे श्रद्धालुओं के लिए मां की कैलाश यात्रा का यह पड़ाव भावुक कर देने वाला रहा। डोलियों के आगे बढ़ने के दौरान श्रद्धालु लगातार जयकारे लगाते रहे। कई श्रद्धालु नम आंखों से मां को निहारते दिखाई दिए। श्रद्धालुओं ने मां नंदा राजराजेश्वरी से परिवार और क्षेत्र की सुख-शांति, समृद्धि एवं खुशहाली की कामना की।
दुर्गम पड़ावों पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम
बड़ीजात यात्रा के दुर्गम और निर्जन पड़ावों को देखते हुए जिला प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था मजबूत की है। पुलिस, एसडीआरएफ, एनडीआरएफ और आईटीबीपी की टीमें संवेदनशील एवं निर्जन क्षेत्रों का निरीक्षण कर चुकी हैं। आवश्यक स्थानों पर सुरक्षा और आपदा राहत टीमें तैनात की गई हैं।
पुलिस अधीक्षक सुरजीत सिंह पंवार ने यात्रा में तैनात पुलिसकर्मियों को विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि दूर-दराज से मां नंदा के दर्शन और आशीर्वाद के लिए पहुंचे प्रत्येक श्रद्धालु की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए और यात्रा व्यवस्था में किसी तरह की चूक न हो।
स्वास्थ्य जांच के बाद ही होमकुंड जाएंगे श्रद्धालु
बेदनीकुंड में स्वास्थ्य विभाग की ओर से स्वास्थ्य शिविर लगाया गया है। होमकुंड की दुर्गम यात्रा पर जाने वाले श्रद्धालुओं का स्वास्थ्य परीक्षण किया जाएगा। जांच में स्वस्थ और यात्रा के लिए उपयुक्त पाए जाने वाले श्रद्धालुओं को ही आगे जाने की अनुमति दी जाएगी।










